नमस्कार मित्रो इस आर्टिकल में हम आपको TGT के बारे में जानकारी बता रहे है की TGT क्या होता है व इसमें नौकरी के क्या क्या अवसर होते है इसके लिए योग्यता क्या क्या होनी चाहिए व TGT Full Form क्या होता है  इन सब के बारे में इस आर्टिकल में हम आपको पूरी जानकारी बताने वाले है.

TGT Full Form

अक्सर हम सभी लोग TGT के बारे में कई बार सुनते रहते है पर हमे इसके बारे में अधिक जानकारी नहीं होती तो हम आपको इस आर्टिकल में TGT Full Form से जुडी पूरी जानकारी बताने वाले है ताकि आपको TGT से जुडी सभी जानकारी प्राप्त हो सके और इसके कोर्स के बारे में भी पता चल सके.

TGT Full Form in Hindi

TGT क्या होता है इसमें रोजगार के क्या अवसर होते है व इसके लिए क्या योग्यता होनी चाहिए इन सब के बारे में बताने से पहले हम आपको इसके पुरे नाम के बारे में बता रहे है.

TGT Full Form – Trained Graduate Teacher

हिंदी में इसको आप प्रशिक्षित स्नातक शिक्षक भी कह सकते है अगर आपका सपना अध्यापक अथवा टीचर बनने का है तो ऐसे में TGT आपके लिए बहुत ही उपयोगी हो सकती है.

TGT क्या है

इसके नाम से ही इसके बारे में आपको पता चल गया होगा की TGT  का अर्थ है की आपको अध्यापक बनने के लिए ग्रेडुएशन पूरी कर ली है जैसे की अपने ग्रेडुएशन पूरी कर ली है उसके बाद अपने अध्यापक बनने के लिए बी एड की है तो आप TGT  के अंतर्गत आते है जिसका अर्थ होता है की अपने अध्यापक बनने की पढाई कर ली है व इसमें आप  ग्रेडुएशन कर चुके है.

TGT करने के बाद आप दसवीं तक के बच्चो को पढ़ने के योग्य बन जाते है व इसके बाद आपको आसानी से किसी भी प्राइवेट विधालय में अध्यापक की नौकरी मिल जाती है वही अगर आप सरकारी अध्यापक बनने की चाहत रखते है तो ऐसे में आपको सरकारी नौकरी के लिए आवेदन आने पर उसमे आवेदन करने होते है उसके बाद आप सरकारी अध्यापक भी बन सकते है.

TGT Eligibility

अगर आप TGT करना चाहते है तो इसके लिए आपका ग्रेडुएशन के साथ साथ बी एड उत्तीर्ण होना अनिवार्य है तभी आप  इसकी परीक्षा दे सकते है या इसके लिए आवेदन कर सकते है आप सभी जानते है की जो भी व्यक्ति अध्यापक बनना चाहता है उसके लिए बी एड करना जरुरी होता है क्युकी अध्यापक बनने के सभी रस्ते बी एड करने के बाद ही खुलते है.

TGT के लिए राज्य सरकार के द्वारा समय समय पर भर्ती निकाती लाती है व हर राज्य की सरकार अपने राज्य के स्कुल अथवा हाई स्कुल एवं केंद्रीय स्कुल के लिए भर्ती निकालते रहते है ऐसे में आपको उसमे आवेदन करना होता है व उसमे आवेदन करने के बाद ही आप इसमें नौकरी प्राप्त कर सकते है इसकी भर्ती की जानकारी आप समाचार या इंटरनेट के माध्यम से भी प्राप्त कर सकते है.

TGT Course के बारे में

अगर आप TGT का कोर्स करने की सोच रहे है तो हम आपको बता दे की इसका कोई भी कोर्स नहीं होता अगर आप चाहे तो इसका एक टेस्ट दे सकते है जो की आप बी एड करने के बाद दे सकते है व इसमें हर विषय का अलग अलग टेस्ट होता है एवं अपने जिस विषय में बीएड किया है आपको टेस्ट में भी उसी विषय का चुनाव करना अनिवार्य है.

इसमें आप टेस्ट देते है तो उसमें आपको आपके सब्जेक्ट से सम्बंधित ही सभी सवाल पूछे जाते है एवं प्रत्येक गलत सवाल पर नेगेटिव मार्किंग भी होती है या टेस्ट उत्तीर्ण करने के बाद आपको इंटरव्यू देना होता है व इसके बाद टेस्ट और इंटरव्यू दोनों के नंबर मिलकर किसी भी अभ्यार्थी का टीचर के लिए चयन किया जाता है.

TGT में कोर्स

अगर आप TGT करना चाहते है और इसके सब्जेक्ट के बारे में सोच रहे है तो हम आपको इसके सब्जेक्ट के बारे में बता रहे है जो की आपके TGT में होते है वो निम्न प्रकार से है.

  • हिंदी
  • अंग्रेजी
  • गणित
  • विज्ञान
  • जीव विज्ञान
  • सामाजिक विज्ञान
  • कला
  • संस्कृत
  • शारीरिक शिक्षा
  • वाणिज्य
  • कृषि
  • संगीत

यह सभी सब्जेक्ट आपको TGT के अंतर्गत मिल जाते है व अपने जिस भी सब्जेक्ट में बीएड का कोर्स किया है उस सब्जेक्ट का आप इसमें चयन कर के उसमे परीक्षा दे सकते है.

TGT के बाद नौकरी

अक्सर कई लोगो के मन में इस प्रकार के सवाल आते रहते है की TGT  कर लेते है तो उसके बाद किस प्रकार के टीचर  बन सकते है तो हम आपको इसके बारे में विस्तार से जानकारी बता रहे है ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी प्राप्त हो सके.

  • BTC – प्राइमरी अध्यापक बनने के लिए BTC करनी होती है उसके बाद कुछ टेस्ट clear करने होते है तब जाकर आप पहली से पांचवी के विधार्थियो को पढ़ाने योग्य माने जाते है.
  • जूनियर टीचर – जूनियर टीचर वो होते है जो की 6वी कक्षा से 8वी कक्षा तक पढ़ाते है व इसके लिए आपको बीएड करनी होती  है व इसके साथ साथ कुछ जरुरी टेस्ट भी देने होते है.
  • TGT – इसके लिए पहले आपको बीएड करनी होती है व इसके बाद TGT का टेस्ट क्लियर करना होता है उसके बाद आप 9वी एवं 10वी के विधार्थियो को पढ़ने योग्य बन जाते है.
  • PGT – आप बीएड के साथ साथ पोस्ट ग्रेजुएशन पूरा कर लेते है तो इसके बाद आप PGT के लिए आवेदन कर सकते है व इसके बाद आप इंटर collage जैसे 11वी एवं 12वी को पढ़ने योग्य बन जाते है.

इस प्रकार से आप टीचर बनने के अलग अलग कोर्स कर सकते है व इन कोर्स को करने के बाद आप अपना अध्यापक बनने का सपना पूरा कर सकते है.

Calculation – इस आर्टिकल में हमने आपको TGT Full Form एवं TGT किसे कहते है इससे जुडी जानकारी बताने का प्रयत्न किया है हमे उम्मीद है की आपको हमारी बताई गयी जानकारी  उपयोगी लगी होगी अगर आपको यह जानकारी अच्छी लगे तो इसको अपने मित्रो के साथ शेयर जरूर करें व इससे जुड़ा किसी भी प्रकार का सवाल पूछना चाहते है तो आप हमे कमेंट कर के बता सकते है.

पिछला लेखBA Full Form in Hindi : BA का पूरा नाम क्या है हिंदी में
अगला लेखHaryana Free Tablet योजना क्या है व इसमें आवेदन कैसे करें

अपना सवाल यहाँ पूछे

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें